बरेली। बरेली कॉलेज में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) की इकाइयों की ओर से ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत गुरुवार को एक दिवसीय विशाल निःशुल्क स्वास्थ्य जांच एवं परामर्श शिविर आयोजित किया गया। परीक्षा कंट्रोल कक्ष के सामने लगाए गए इस शिविर में करीब 935 छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों ने स्वास्थ्य जांच और चिकित्सकीय परामर्श का लाभ उठाया।

शिविर का शुभारंभ महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. ओमप्रकाश राय ने किया। उन्होंने स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता को जरूरी बताते हुए NSS की ओर से किए जा रहे सेवा कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ अपने स्वास्थ्य और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति भी जागरूक रहना चाहिए।

शिविर का आयोजन संकल्प सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल एवं जनसेवा टीम के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। कार्यक्रम संयोजक डॉ. सीताराम राजपूत ने बताया कि शिविर में वरिष्ठ संकाय सदस्यों प्रो. दयाराम, प्रो. पंकज यादव, प्रो. मनमीत कौर, प्रो. नीलम गुप्ता और प्रो. एम.पी. सिंह ने उपस्थित रहकर व्यवस्थाओं का मार्गदर्शन किया।
शिविर में हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. सौरभ गोयल (DNB-Orthopaedics) के अलावा डॉ. आफताब आलम, डॉ. रिजवान, डॉ. मो. आरिफ हुसैन और डॉ. अंकुर अग्रवाल ने मरीजों को चिकित्सकीय परामर्श दिया।
इस दौरान बीपी, ब्लड शुगर, कैल्शियम, बीएमडी (BMD), ईसीजी और नेत्र जांच जैसी महत्वपूर्ण जांचें पूरी तरह निःशुल्क की गईं। चिकित्सकों की सलाह के अनुसार जरूरतमंदों को निःशुल्क दवाइयां भी उपलब्ध कराई गईं।
शिविर की जांच और व्यवस्थाओं में नावेद अख्तर, मो. जुनैद, निकिता भट्ट, नदीम अख्तर, गुलाम मुस्तफा और शाहवाज अंसारी का विशेष सहयोग रहा। जनसेवा टीम के अध्यक्ष एवं समाजसेवी पम्मी खाँ वारसी ने भी शिविर में सहयोग किया।
कार्यक्रम के समापन पर उप-प्राचार्या प्रो. वंदना शर्मा और चीफ प्रॉक्टर प्रो. इंदीवर सिंह चौहान ने NSS कार्यक्रम अधिकारियों डॉ. सीताराम राजपूत, डॉ. शुभांशु शेखर, डॉ. रागीब हुसैन, डॉ. अजीता सिंह तिवारी और डॉ. अमिता गुप्ता के साथ चिकित्सकों एवं मेडिकल टीम को प्रशस्ति पत्र और शाल भेंट कर सम्मानित किया। महाविद्यालय प्रशासन ने चिकित्सकों और पूरी मेडिकल टीम का आभार जताया।
शिविर को सफल बनाने में NSS स्वयंसेवकों की अनुशासित भागीदारी भी अहम रही। स्वास्थ्य जांच के साथ जागरूकता और सेवा के संदेश के साथ आयोजित यह शिविर विद्यार्थियों और महाविद्यालय कर्मचारियों के लिए उपयोगी साबित हुआ।




