
मुजस्सिम खान
उत्तर प्रदेश में नशीली दवाइयों के अवैध कारोबार का जाल किस कदर फैला हुआ है इस बात का अंदाजा रामपुर में पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम द्वारा किए गए खुलासे से लगाया जा सकता है । पुलिस और एसओजी की टीम ने मिलकर लगभग 5 करोड की नशीली दवाईयॉ और इंजेक्शन बरामद किए हैं । तो वही इस धंधे में शामिल 11 लोगों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है । गौरतलब है की पकड़े गए गैंग के तार आगरा मुरादाबाद संभल सहित रामपुर के आसपास के जिले से जुड़े हैं ।
पुलिस को वाहन चेकिंग के दौरान मिले इनपुट से मिली बड़ी सफलता
रामपुर में एसओजी व थाना शहजादनगर पुलिस की संयुक्त टीम को सूचना मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने ग्राम दुर्गनगला फाटक के पास चैकिंग के दौरान मोटर साईकिल को रूकने का इशारा किया तो मोटर साईकिल सवार मोटर साईकिल को पीछे मोडकर भागने लगे पुलिस द्वारा आवश्यक बल प्रयोग करते हुए सोनू कश्यप को गिरफ्तार कर लिया गया, जिसके कब्जे से मोटर साईकिल नम्बर यूपी 22 ए.बी. 0258 व 5 पेटी नशीली दवाई (02 पेटीयों में मेंकोडीडस सीरप, एक पेटी में एल्प्राजोलम टैबलेट, दो पेटियों में स्पास्मोप्रोक्सीवोन कैप्सूल) जिसमें दो पेटी बरामद हुई।
खंडर बिल्डिंग से नशीली दवाइयों की हो रही थी बिक्री
गिरफ्तार अभियुक्त द्वारा पूछताछ में बताया कि वह नशीली दवाओं की पेटिया ग्राम दुर्गनंगला से नेशनल हाईवे को जाने वाली स़ड़क के किनारे खण्डर पड़ी बिल्डिंग से वहां मौजूद लोगो से अभी थोड़ी देर पहले ही लेकर अपने घर बिलासपुर जा रहा था, आप लोग यदि जल्दी मुझे लेकर चले तो वहां काफी नशीली दवाये व खरीदने बेचने वाले व्यक्ति मिल सकते हैं जो इन नशीली दवाओ का व्यापार करते हैं।इस सूचना पर पुलिस टीम द्वारा नेशनल हाईवे से ग्राम दुर्गनंगला को जाने वाली सड़क के पास बने खण्डरनुमा बिल्डिंग के खण्डर के अन्दर मौजूद व्यक्तियों व गा़ड़ियो को आवश्यक बल प्रयोग करते हुए 10 व्यक्तियों को गिरफ्तार कर लिया ।
पुलिस की गिरफ्त में आये अभियुक्तों के नाम
1-सोनू कश्यप
2-संजीव चौधरी
3-लखपत
4-सतीश गुप्ता
5-प्रवेश
6-राजेश
7-सुरेश
8-राहिद
9-जितेन्द्र
10-लवली उर्फ आदित्य
11-नमन गुप्ता
नशीली दवाओं में सिरप ,कैप्सूल , टेबलेट बड़ी संख्या में बरामद
पुलिस अधीक्षक अंकित मित्तल ने प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि आज एसओजी टीम और थाना शहजादनगर पुलिस और ड्रग विभाग की संयुक्त टीम ने मिलकर एक बहुत अच्छा काम किया। इसमें अन्तर्राजीय गैंग जो की नशीली दवाइयों का कारोबार किया करता था उसके 11 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इन लोगों की आगरा से कड़ी जुड़ी हुई है आगरा में पिछले वर्ष एक गैंग पकड़ा गया था इसी तरह का। उसी क्रम में यह लोग आज पकड़े गए हैं इन से जब पूछताछ किया तो इन लोगों ने बताया यह लोग आगरा से ब्लैक में दवाई लेकर आते थे दवाई सब ओरिजिनल है यह लोग बिना बिल के जो मार्केट प्राइस है उससे कम प्राइस में उसको लेकर या अलग अलग लेवल पर प्राइस बड़ा कर बेचा करते थे। आगरा और मुरादाबाद से इनका यह पूरा कारोबार चल रहा था। मंडल के अलावा यह लोग उत्तराखंड में भी बेचा करते थे। यह लोग जो भी नशे की टेबलेट कैप्सूल सिरप इंजेक्शन हुआ करते थे अपने माध्यम से बहुत कम सप्लाई करते थे इसका ज्यादा इस्तेमाल यह लोग सरकारी बस से किया करते थे सरकारी बसों में ड्राइवर कंडक्टर से सेटिंग करके उनको कुछ पैसा देकर के रख दिया करते थे और जहां डिलीवरी होती थी वहां पर वह वे व्यक्ति ले लिया करता था। इस क्रम में कल थाना शहजादनगर पुलिस ने कल एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया उसके पास से कुछ पेटियां बरामद हुई सूचना पर हमारी जॉइंट ड्रग टीम काम कर रही थी जब उससे पूछताछ की तो उसने बताया के पास ही पड़े एक खंडहर से इन दवाइयों की सप्लाई होती है। सूचना पर हमारी संयुक्त टीम ने दबिश देकर जिसमें 11 लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार किया। इनके कब्जे से लगभग पौने तीन लाख टेबलेट, साढ़े नो लाख के लगभग कैप्सूल, लगभग 1 लाख इंजेक्शन लगभग 2000 से अधिक सिरप जो नशे के लिए इस्तेमाल किए जाते हैं। यह जितनी भी दवाइयां है वह बिना किसी डॉक्टर के प्रिसक्प्शन के नहीं मिलती है ।इसमें जो भी लोग पकड़े गए हैं उसने किसी न किसी ने फ़र्ज़ी मेडिकल स्टोर खोले हुए है या किसी न किसी कभी किसी वैध मेडिकल स्टोर पर बतौर एमआर या सेल्स मैन के रूप में काम किया है। इनकी जो मार्केट प्राइस है वह लगभग सवा करोड़ के लगभग है परंतु जिस प्राइस में यह लोग बेचा करते थे उस की मार्केट वैल्यू लगभग 5 करोड़ रूपए है।




