बरेली। आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और सांसद चंद्रशेखर आजाद ने बुधवार को बरेली कैंट विधानसभा क्षेत्र में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में पार्टी की चुनावी तैयारियों का बिगुल फूंका। उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, कानून व्यवस्था और चुनाव प्रक्रिया जैसे मुद्दों को उठाते हुए कार्यकर्ताओं से अगले चार महीनों तक पूरी ताकत से संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया।

निजी लॉन में आयोजित सम्मेलन में चंद्रशेखर आजाद ने बताया कि पार्टी ने प्रदेश की 87 विधानसभा सीटों पर प्रभारी नियुक्त किए हैं। उन्होंने कहा कि पूर्वांचल के बाद बरेली में आयोजित यह सम्मेलन चुनावी तैयारियों को गति देने की रणनीति का हिस्सा है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि पार्टी ने अब चुनावी मैदान के लिए कमर कस ली है।
पांच किलो राशन से नहीं चलेगा काम
चंद्रशेखर आजाद ने सरकार की योजनाओं पर सवाल उठाते हुए कहा कि जनता को सिर्फ राशन नहीं, बल्कि बेहतर शिक्षा, स्वास्थ्य सुविधाएं और रोजगार चाहिए। उन्होंने कहा कि बच्चों को आर्थिक मदद देने के साथ उन्हें अच्छी शिक्षा देकर रोजगार के योग्य बनाना जरूरी है। उनके मुताबिक किसान, मजदूर, व्यापारी, मुस्लिम और दलित समेत समाज के अलग-अलग वर्गों के सामने अपनी-अपनी समस्याएं हैं।

उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता के सामने राजनीतिक विकल्प होना चाहिए। अपने संघर्ष का जिक्र करते हुए आजाद ने कहा कि उन्होंने करीब 13 वर्षों तक संघर्ष किया है और इसी अनुभव के आधार पर संगठन को आगे बढ़ाया जा रहा है।
ईवीएम या बैलेट, भीड़ से पूछा सवाल
चुनाव प्रक्रिया को लेकर भी चंद्रशेखर आजाद ने सम्मेलन में मौजूद लोगों से सवाल किया कि मतदान ईवीएम से होना चाहिए या बैलेट पेपर से। इस दौरान मौजूद लोगों ने बैलेट पेपर के समर्थन में आवाज उठाई। आजाद ने कहा कि लोकतंत्र में जनता सर्वोच्च है और उसके वोट में सरकार चुनने की ताकत है।
उन्होंने कहा कि चुनाव लड़ने का अधिकार हर व्यक्ति को मिलना चाहिए। किसी प्रभावशाली परिवार के बेटे की तरह सफाई कर्मचारी के बेटे को भी चुनाव लड़ने और आगे बढ़ने का अवसर मिलना चाहिए।
सरकारी स्कूल और अस्पतालों को लेकर सवाल
शिक्षा व्यवस्था पर उन्होंने कहा कि कैंट विधानसभा क्षेत्र में बेटियों के लिए सरकारी कॉलेज जैसी सुविधाएं होनी चाहिए। उन्होंने सरकारी और निजी स्कूलों के बीच सुविधाओं के अंतर का मुद्दा उठाते हुए कहा कि समान शिक्षा के बिना सामाजिक बराबरी का लक्ष्य हासिल करना मुश्किल है।
स्वास्थ्य व्यवस्था पर उन्होंने सरकारी अस्पतालों में डॉक्टर, जांच और दवाओं की उपलब्धता को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि इलाज की पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिलने से लोगों को दूसरे शहरों का रुख करना पड़ता है। उन्होंने सरकारी अस्पतालों को मजबूत किए जाने की जरूरत बताई।
कानून व्यवस्था और पुलिस की समस्याओं का भी मुद्दा
चंद्रशेखर आजाद ने कानून व्यवस्था को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अपराध के मामलों में कार्रवाई जाति या धर्म देखकर नहीं, बल्कि कानून के आधार पर होनी चाहिए। उन्होंने पुलिसकर्मियों की समस्याओं का भी जिक्र किया और कहा कि उनकी पार्टी पुलिस कर्मचारियों के अधिकारों के मुद्दे पर भी आवाज उठाएगी।
अच्छन अंसारी के प्रयासों का किया जिक्र
सम्मेलन में कैंट विधानसभा क्षेत्र में पार्टी से जुड़े अच्छन अंसारी के कार्यों का भी चंद्रशेखर आजाद ने उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में लगातार मेहनत करने वाले कार्यकर्ताओं को संगठन मजबूत करने में जुटना होगा।
कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए आजाद ने कहा कि सम्मेलन के बाद आराम करने के बजाय घर-घर जाकर लोगों से संपर्क करें। उन्होंने चार महीने पूरी मेहनत से संगठन के लिए काम करने का आह्वान किया। साथ ही चुनाव के दौरान मिलने वाले प्रलोभनों से सावधान रहने की अपील करते हुए शिकारी और दाने का उदाहरण दिया।



