
भूपेश छिमवाल
उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले के वृंदावन से बाबा नीम करौरी महाराज के भक्तों के लिए एक दुख भरी खबर आई है | दरसल जब बाबा नीम करौरी महाराज के कनिष्ठ पुत्र धर्म नारायण शर्मा उर्फ बाबूजी सोमवार ब्रहमलीन हो गए। बाबू जी की उम्र 81 वर्ष की थी। वह स्वास्थ्य ख़राब होने के चलते फरीदाबाद के मेट्रो अस्पताल में भर्ती थे।बाबू जी के ब्रह्मलीन होने की खबर जैसे ही भक्तों को मिली, उनमें शोक की लहर दौड़ गई।परिक्रमा मार्ग स्थित बाबा नीम करौरी आश्रम में सोमवार दोपहर को बाबू जी धर्म नारायण शर्मा के ब्रह्मलीन होने की खबर पहुंची। आश्रम में हनुमान जयंती के सभी कार्यक्रम रोक दिए गए। शाम पांच बजे उनका पार्थिव शरीर आश्रम पहुंचा, तो सभी श्रद्धालु बिलखने लगे। जानकारी के मुताबिक बाबू जी को आश्रम के गोशाला परिसर में उनका अंतिम संस्कार किया गया।बाबा नीम करौरी महाराज के दो पुत्रों में से धर्म नारायण शर्मा थे | उन्होंने वन विभाग में रेंजर के पद पर नौकरी की थी सेवानिवृत्त होने के बाद 35 वर्षों से वृंदावन आश्रम में ही निवास कर रहे थे। और आश्रम की देख रेख करते हुए अपना जीवन बाबा नीम करोरी के श्री चरणों में समर्पित कर दिया था|




