बरेली। उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची और वोट चोरी को लेकर चल रही राजनीतिक बहस के बीच कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह ने सपा प्रमुख अखिलेश यादव पर हमला बोला है। शुक्रवार को बरेली के सर्किट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान उन्होंने विपक्ष के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “चोरों को चोर ही नजर आते हैं।” मंत्री ने समाजवादी पार्टी

2027 के चुनाव में भाजपा की जीत का भरोसा
आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर धर्मपाल सिंह ने भाजपा की संभावित जीत पर विश्वास जताया। उन्होंने कहा कि वर्ष 2027 में प्रदेश में भाजपा की सरकार फिर बनेगी और पार्टी को पूर्ण बहुमत मिलेगा। मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं को लेकर विपक्ष की ओर से उठाए जा रहे सवालों को भी उन्होंने खारिज किया।
शिक्षक एमएलसी चुनाव पर भी बोले मंत्री
बरेली-मुरादाबाद खंड के शिक्षक एमएलसी चुनाव को लेकर धर्मपाल सिंह ने भाजपा प्रत्याशी डॉ. हरि सिंह ढिल्लो की जीत की उम्मीद जताई। उन्होंने कहा कि भाजपा विधान परिषद की सभी सीटों पर बेहतर प्रदर्शन करेगी। मंत्री के इस बयान के बीच चुनावी नतीजों को लेकर राजनीतिक दलों की निगाहें टिकी हुई हैं।
एसआईआर से मतदाता सूची दुरुस्त होने का दावा
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) का समर्थन करते हुए कैबिनेट मंत्री ने कहा कि इस प्रक्रिया के जरिए फर्जी और मृत मतदाताओं के नाम हटाने का काम किया जा रहा है। इसके अलावा 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले युवाओं को मतदाता सूची में शामिल करने की प्रक्रिया भी चल रही है। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची को अधिक व्यवस्थित और सही बनाने के लिए पुनरीक्षण जरूरी है। साथ ही उन्होंने इस प्रक्रिया को लेकर विपक्ष की ओर से लगाए जा रहे आरोपों को स्वीकार नहीं किया।
अखिलेश और आजम खान की मुलाकात पर भी टिप्पणी
सपा प्रमुख अखिलेश यादव की आजम खान से मुलाकात के सवाल पर भी धर्मपाल सिंह ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव की राजनीति मुस्लिम मतदाताओं को अपने पक्ष में करने पर केंद्रित है। यह टिप्पणी भी उन्होंने विपक्ष पर राजनीतिक निशाना साधते हुए की।
सर्किट हाउस में हुई बातचीत के दौरान सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती और पार्टी की संगठनात्मक तैयारियों से जुड़े विषयों पर भी चर्चा हुई। धर्मपाल सिंह ने अपने बयान में आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा की जीत का भरोसा दोहराया।




