बरेली। रक्षाबंधन पर घर लौटने का इंतजार कर रहे परिवारों को त्योहार से पहले दर्दनाक खबर मिली। हिमगिरी एक्सप्रेस की चपेट में आने से पैंट्री कार में काम करने वाले दो वेंडरों की मौत हो गई। हादसे की सूचना मिलते ही दोनों परिवारों में चीख-पुकार मच गई।
मृतकों की पहचान 23 वर्षीय विमलेश कुमार त्रिवेदी, पुत्र सलील कुमार त्रिवेदी और दीपक चौहान, पुत्र सुमेर सिंह के रूप में हुई है। दोनों युवक करीब तीन वर्षों से ओम साई कंपनी के माध्यम से ट्रेनों की पैंट्री कार में वेंडर का काम कर रहे थे।

हादसे की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू की। पुलिस घटना के कारणों की जांच कर रही है।मृतक दीपक चौहान इटावा का रहने वाला था। उसकी करीब एक साल पहले शादी हुई थी और उसका छह महीने का मासूम बच्चा है। परिजनों के मुताबिक, दीपक ने रक्षाबंधन पर घर आने का वादा किया था। परिवार को उम्मीद थी कि त्योहार पर दीपक उनके बीच होगा, लेकिन घर पहुंचने से पहले ही उसकी मौत की खबर आ गई।
हादसे ने दोनों परिवारों की त्योहार की खुशियों को मातम में बदल दिया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। जिस घर में रक्षाबंधन की तैयारियां चल रही थीं, वहां अब अपनों को खोने का गम पसरा हुआ है। इंस्पेक्टर फतेहगंज पश्चिमी प्रवीन कुमार ने बताया कि जीआरपी ने पोस्टमार्टम की कार्रवाई की है। फिलहाल शवों को पीएम के लिए भेज दिया गया है।



