फतेहगंज पश्चिमी।
सभा का संचालन अजय भटनागर ने किया, जबकि मुख्य संबोधन श्रमिक नेता अशोक कुमार मिश्रा ने किया। भटनागर ने 15 जुलाई को दामोदर पार्क में हुए विशाल धरना-प्रदर्शन में श्रमिकों की एकजुटता के लिए धन्यवाद देते हुए कहा कि मजदूरों की एकता के चलते ही शासन ने मंजूरी दी है, अब बरेली प्रशासन की जिम्मेदारी है कि वह शीघ्र मजदूरों के हित में कदम उठाए।
अशोक मिश्रा ने कहा कि रबर फैक्ट्री के मजदूरों की दुर्दशा और असमय हो रही मौतों के लिए शासन-प्रशासन जिम्मेदार है। उन्होंने आरोप लगाया कि श्रमिकों के वैधानिक भुगतान को उच्च न्यायालय भी मान चुका है, लेकिन फिर भी मजदूरों को उनका हक नहीं मिल पाया। फैक्ट्री की खाली जमीन और कॉलोनी पर असामाजिक तत्वों के अवैध कब्जे को लेकर भी उन्होंने आक्रोश जताया।
श्रमिक नेताओं ने मीडिया के माध्यम से प्रशासन से अवैध कब्जा हटाने और मजदूरों के भुगतान को लेकर तत्काल कार्रवाई की मांग की। साथ ही स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो जल्द ही बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
सभा में प्रमोद कुमार, प्रदीप कुमार रस्तोगी, अनिल क्रिस्टोफर, शैलेंद्र नाथ चौबे, शरद निगम, हैदर नवी, धनीराम, रामपाल और यूनियन अध्यक्ष सत्येंद्र सिंह समेत बड़ी संख्या में श्रमिक उपस्थित रहे।
