]बरेली।सावन की रिमझिम फुहारों के बीच एसआरएमएस रिद्धिमा में रविवार को आयोजित मैलोडीज ऑफ मल्हार संगीत संध्या ने श्रोताओं को सुरों और भावनाओं की मनमोहक दुनिया में पहुंचा दिया। कार्यक्रम में गायन और वाद्य संगीत की शानदार प्रस्तुतियों ने बारिश, प्रेम और प्रकृति के रंगों को संगीत के माध्यम से जीवंत कर दिया।

कार्यक्रम की शुरुआत रिद्धिमा के गायन विद्यार्थियों श्रेया प्रभजोत, मानसी टंडन, अंशुमा अग्रवाल, अर्णव कन्नौजिया और गीतू अरोड़ा ने वर्षा ऋतु पर आधारित फिल्मी गीतों की आकर्षक प्रस्तुति से की। इसके बाद आदित्य ने **’भीगी रातों में’** गीत गाकर दर्शकों की खूब तालियां बटोरीं।
गायन गुरु प्रियंका ग्वाल और सात्विक मिश्रा ने **’आया सावन झूम के’** प्रस्तुत कर पूरे सभागार को सावन के उल्लास से सराबोर कर दिया। सात्विक मिश्रा ने विद्यार्थियों के साथ **’सावन झर लगेला’**, जबकि प्रियंका ग्वाल ने **’सावन की भीगी रातों में’** गीत प्रस्तुत कर माहौल को और भी मधुर बना दिया। अतिथि गायिका इंदू परडल ने **’सजना बरसे हैं क्यों अंखियां’** की भावपूर्ण प्रस्तुति देकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। वहीं श्रेया ने **’अब के सावन ऐसे बरसे’** गाकर खूब सराहना हासिल की।
कार्यक्रम के समापन पर सभी विद्यार्थियों ने सामूहिक रूप से **’मल्हार जाम’** प्रस्तुत किया, जिसने संगीत संध्या को यादगार बना दिया। वायलिन, तबला, सितार, पखावज, गिटार, सैक्सोफोन, हारमोनियम, ड्रम और कीबोर्ड जैसे वाद्ययंत्रों की सुरीली संगत ने हर प्रस्तुति को विशेष बना दिया।
कार्यक्रम का संचालन अरुणा गंगवार ने किया। इस अवसर पर एसआरएमएस ट्रस्ट के संस्थापक एवं चेयरमैन देव मूर्ति, आशा मूर्ति, आदित्य मूर्ति, ऋचा मूर्ति, देविशा मूर्ति, उषा गुप्ता, डॉ. प्रभाकर गुप्ता, डॉ. अनुज कुमार, डॉ. रीता शर्मा सहित शहर के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। संगीत प्रेमियों ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए इसे सावन के मौसम की यादगार सांस्कृतिक संध्या बताया।



