बरेली के आंवला क्षेत्र के लिए बड़ी विकास योजना सामने आई है। यहां 1000 हेक्टेयर जमीन पर इंडस्ट्रियल कॉरिडोर बनाया जाएगा, जिससे इलाके की तस्वीर बदलने की उम्मीद है।यूपी सरकार की पहल पर उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवेज इंडस्ट्रियल अथॉरिटी (UPEIDA) द्वारा जनपद बरेली के तहसील आंवला क्षेत्र में इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित करने की प्रक्रिया तेज हो गई है।
इस परियोजना के तहत करीब 1000 हेक्टेयर भूमि चिन्हित की गई है।जिलाधिकारी के निर्देश पर राजस्व विभाग की टीम ने तहसील आंवला के कई गांवों में जमीन का चयन किया है। इनमें भमौरा, मकरन्दपुर ताराचन्दपुर, पखुरानी कुडढा, भीकमपुर, भरताना, हजरतपुर, यूसुफपुर, खुली और चांदपुर मटकी शामिल हैं।

यह चयनित भूमि बरेली-मथुरा हाईवे (NH-530B) के पास और भमौरा-आंवला स्टेट हाईवे-125 के दोनों ओर स्थित है। अच्छी कनेक्टिविटी के कारण इसे उद्योग स्थापित करने के लिए उपयुक्त माना जा रहा है।जिलाधिकारी ने खुद मौके का निरीक्षण कर प्रस्ताव तैयार कराया, जिसे UPEIDA के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) को भेजा गया है।
इसी क्रम में 17 अप्रैल 2026 को UPEIDA की उच्चस्तरीय टीम, जिसमें चुनकू राम पटेल और बीडी वर्मा शामिल रहे, ने कंसल्टेंट एजेंसी के साथ स्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान अपर जिलाधिकारी (न्यायिक), उप जिलाधिकारी आंवला, विद्युत, सिंचाई, जल निगम विभाग के अधिशासी अभियंता, जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।निरीक्षण के बाद अधिकारियों ने जमीन को इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के लिए उपयुक्त बताया है। अब अगला कदम किसानों से सीधे जमीन खरीदने का होगा, जिसके लिए प्रक्रिया जल्द शुरू की जाएगी।
क्या बदलेगा आंवला:
इस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के बनने से आंवला में बड़े और छोटे उद्योग स्थापित होंगे। इससे स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा और व्यापारिक गतिविधियां बढ़ेंगी। साथ ही सड़क, बिजली, पानी जैसी बुनियादी सुविधाओं का भी तेजी से विकास होगा।



