बरेली। पुरानी मारपीट की रंजिश ने कैब ड्राइवर सचिन सक्सेना की जान ले ली। सुभाषनगर थाना क्षेत्र में हुए हत्याकांड के मुख्य वांछित आरोपी राजेश गुर्जर को पुलिस ने रामगंगा पुल के किनारे मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया। मुठभेड़ में आरोपी के बाएं पैर में गोली लगी। पुलिस ने उसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया है। इस मामले में तीन अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ अब तक कुल आठ आरोपी पुलिस की गिरफ्त में आ चुके हैं।

पुलिस के मुताबिक, 22 अक्टूबर की रात करीब 1:30 बजे संजय सक्सेना पर लाठी-डंडों से हमला किया गया था। गंभीर रूप से घायल संजय को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। जांच में सामने आया कि आरोपियों की संजय से पहले मारपीट हो चुकी थी। इसी पुरानी रंजिश के चलते वारदात को अंजाम देने का आरोप है।
रामगंगा पुल के पास मुठभेड़, आरोपी के पैर में लगी गोली
पुलिस के अनुसार, हत्याकांड में वांछित राजेश गुर्जर की तलाश के दौरान रामगंगा पुल के किनारे मुठभेड़ हुई। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने खुद को घिरा देखकर फायरिंग की, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में उसके बाएं पैर में गोली लगी। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से .315 बोर का तमंचा, एक जिंदा कारतूस और एक खोखा कारतूस बरामद किया गया है।
राहुल, कृष्णा और धीरज भी गिरफ्तार
सीओ नितिन कुमार ने बताया कि राजेश गुर्जर के अलावा इसी मुकदमे में वांछित राहुल, कृष्णा और धीरज को भी गिरफ्तार किया गया है। तीनों को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेजने की कार्रवाई की जा रही है। इससे पहले चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। अब इस मामले में कुल आठ गिरफ्तारियां हो चुकी हैं।
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटाई जा रही है। मामले में नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



