बरेली में किसानों की जमीन की नीलामी को लेकर भारतीय किसान यूनियन (अ) ने मोर्चा खोल दिया है। संगठन के राष्ट्रीय महासचिव शोएब इजहार और मंडल अध्यक्ष ठाकुर श्यामवीर सिंह चौहान के नेतृत्व में किसानों ने कमिश्नर को ज्ञापन सौंपकर मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की।
किसान नेताओं का आरोप है कि बहेड़ी स्थित केसर इंटरप्राइजेज लिमिटेड ने करीब 35 साल पहले किसानों की जमीन किराए पर ली थी। आरोप है बाद में तहसील अधिकारियों की कथित मिलीभगत से राजस्व रिकॉर्ड से किसानों के नाम हटवाकर कंपनी का नाम दर्ज करा दिया गया।

भाकियू (अ) का कहना है कि इस जमीन से जुड़ा मामला इलाहाबाद हाईकोर्ट में विचाराधीन है। इसके बावजूद जमीन की नीलामी कराना अदालत की प्रक्रिया की अनदेखी है। संगठन ने नीलामी प्रक्रिया पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि बोली की 25 फीसदी रकम चेक से जमा कराई गई, जबकि नियमों के अनुसार यह राशि नकद जमा होनी चाहिए।
किसान नेताओं ने मांग की है कि कोर्ट में लंबित मामले का फैसला आने तक जमीन से जुड़ी किसी भी तरह की कार्रवाई और नीलामी पर रोक लगाई जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि 14 जून तक दोषी अधिकारियों और संबंधित पक्षों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो 15 जून से अनिश्चितकालीन आंदोलन शुरू किया जाएगा।
ज्ञापन देने के दौरान सूर्य प्रकाश गंगवार, आसिफ खान, तनवीर, अमर सिंह, जहूर खान और राजन समेत कई किसान नेता मौजूद रहे।



