बरेली। बरेली बार एसोसिएशन का चुनाव पूरी तरह शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो गया। सुबह से ही मतदान स्थल पर अधिवक्ताओं की भारी चहल-पहल देखने को मिली। कड़ाके की जनवरी की ठंड के बावजूद उम्मीदवारों और उनके समर्थकों का जोश कम नहीं हुआ और सुबह से शाम तक प्रचार व मतदान का सिलसिला चलता रहा।

इस बार अध्यक्ष पद के लिए कुल छह दावेदार मैदान में हैं, जबकि सचिव पद पर चार उम्मीदवारों के बीच मुकाबला है। मतदान के साथ ही सभी उम्मीदवारों का राजनीतिक भविष्य मत पेटियों में बंद हो गया है। अब सभी की निगाहें 6 जनवरी को आने वाले मतगणना परिणाम पर टिकी हुई हैं।
नॉमिनेशन से लेकर वोटिंग तक अधिवक्ताओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। बार परिसर दिनभर समर्थकों के नारों से गूंजता रहा। अंतिम समय तक प्रचार जारी रहा और उम्मीदवार एक-एक वोट जुटाने में लगे रहे। जूनियर अधिवक्ताओं ने भी अपने-अपने पसंदीदा प्रत्याशियों के लिए जमकर पसीना बहाया और सक्रिय भूमिका निभाई।
अध्यक्ष पद पर निवर्तमान अध्यक्ष मनोज हरित को अधिवक्ता ज्वालाप्रसाद गंगवार और अनिल द्विवेदी से कड़ी टक्कर मिलती दिख रही है। चुनावी जानकारों का दावा है कि मुकाबला बेहद रोचक है और मनोज हरित कम मतों के अंतर से जीत दर्ज कर सकते हैं, हालांकि अंतिम फैसला मतगणना के बाद ही साफ हो पाएगा।
चुनाव के दौरान पारंपरिक दृश्य भी देखने को मिले, जब कई अधिवक्ता अपने सीनियर वकीलों के पैर छूकर समर्थन मांगते नजर आए। पूरे चुनावी माहौल में अनुशासन, लोकतांत्रिक प्रक्रिया और अधिवक्ताओं की सक्रिय भागीदारी साफ झलकी।
अब बरेली बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं को 6 जनवरी का इंतजार है, जब मतगणना के बाद नए पदाधिकारियों की तस्वीर साफ हो जाएगी।




