रामपुर में किसानों ने पंचायत भवनों के निर्माण के लिए बेशकीमती जमीन दान दी

Picture of cradmin

cradmin

FOLLOW US:

SHARE:

उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा इन दिनों सूबे को विकास की रहा पर ले जाने की कवायद जारी है जिसको लेकर ग्रामीण इलाकों में पंचायत भवन व शौचालय का निर्माण कराया जा रहा है इसी क्रम में जनपद रामपुर में भी सैकड़ों की तादात में पंचायत भवनों का निर्माण कराया जा रहा है लेकिन कुछ गांव में इन भवनों के निर्माण के लिए सरकार के पास जमीन मौजूद नहीं है ऐसे हालात में कुछ ग्रामीण किसान आगे आए हैं और अपनी अपनी ओर से जमीन दान देने में जुड़ गए हैं जनपद में अब तक कुल 19 लोग पंचायत भवनों के निर्माण के लिए अपनी अपनी जमीनें दान कर चुके हैं इन्हीं में से एक अख्तर अली भी हैं जिन्होंने अपनी लाखों की जमीन लोगों की भलाई के लिए दान की है | 

 रामपुर में 680 ग्राम पंचायत हैं जहां पर अधिकांश गांव में इन दिनों सरकार की मंशा के मुताबिक पंचायत राज विभाग की अगुवाई में पंचायत भवनों व सार्वजनिक शौचालयों का निर्माण कराया जा रहा है लेकिन इसमें नियमों का कानूनी पेच भी कई जगह पर फंस चुका है क्योंकि इन भवनों का निर्माण आबादी क्षेत्र में कराया जाना है लेकिन दर्जनभर गांव ऐसे हैं जहां पर आबादी में ग्राम समाज की जमीन मौजूद नहीं है जिसको लेकर स्थानीय पंचायत राज विभाग हर संभव कोशिश करता चला रहा है और डीपीआरओ डीपी तिवारी के साथ ही प्रशासनिक अधिकारियों की कोशिश भी रंग ला रही है इसी का नतीजा है कि अब तक 19 गांव में किसानों द्वारा पंचायत भवनों के निर्माण के लिए अपनी ओर से कीमती जमीनों तक को दान कर दिया गया है ।

office

रामपुर की तहसील सदर क्षेत्र अंतर्गत ग्राम इमरता के रहने वाले अख्तर अली छोटे किसान हैं उनकी लगभग 20 बीघा जमीन है लेकिन इस बीच उनको जानकारी मिली की गांव में पंचायत भवन बनना है जिसके लिए ग्राम समाज के पास जमीन मौजूद नहीं है और गांव के विकास के लिए पंचायत भवन भी बनना जरूरी है इतना सुनकर उन्होंने मनसे फैसला लिया और गांव की आबादी में अपनी लाखों की जमीन भवन के निर्माण के लिए पंचायत राज विभाग को दान दे डाली है अब यहां पर भवन निर्माण का कार्य भी शुरू हो चुका है उनके इस फैसले से जहां अधिकारी उनकी प्रशंसा करने से नहीं थक रहे हैं तो वही आसपास के इलाके में भी उनके द्वारा किए गए सराहनीय कार्य की चर्चा हो रही है ।

दानदाता अख्तर अली के मुताबिक मैंने जमीन जो दान दी है पंचायत घर के लिए इसलिए दी है कि लोगों का उस पंचायत घर से भला हो और इमरता के अंदर कोई पंचायत घर नहीं है और जब पंचायत घर बन जाएगा तो लोगों का भला होगा लोगों की भलाई के लिए दी है कोई ग्राम समाज नही हैं तो मैंने सोचा लोगों का सबका भला होगा जब पंचायत होगी लोग बैठेंगे तो इसलिए मैंने दान करी हैं। मेरी जगह की कीमत आबादी की जगह हैं तो करीब 15 लाख रुपए भीगे बिक रही हैं तो 300 गज से ज्यादा है तो करीब साढ़े 6 लाख रुपे मान कर चलिए। हमारे गांव की आबादी लगभग जो जहां पंचायत घर बनाया जा रहा हैं वहां 11 सो वोट की आबादी है, काम हम किसानी करते हैं।

 जिला पंचायत अधिकारी डीपी तिवारी के मुताबिक पंचायत भवन और सामुदायिक शौचालय यह दोनों बनाए जाना हमारे शासन की प्राथमिकताओं में है और जैसा कि रामपुर जनपद बहुत ही उर्वर क्षेत्र है और यहां अधिकांश ग्रामों में हमें यह लगभग 25 से 30 ग्राम पंचायतों में राजस्व विभाग पंचायत भवन के लिए और सामुदायिक शौचालयों के लिए जमीन देने में विफल रहा यहां जमीन कहीं राजस्व सूची मे छूटी भी रही तो बहुत ही बस्ती से दूर और गड्ढे में थी तो बनाने के लिए उपयुक्त नहीं थे इसमें हमारे जिलाधिकारी महोदय के आवान में ग्राम प्रधानों ने और जनता मैं जो कुछ हमारे संभरान्त व्यक्ति थे वह लोग आगे आए और उन लोगों ने अपनी जमीन दान में दी और जमीन दान करके पंचायत भवन हमारे यहां बनवाने का काम किया पंचायत भवन के लिए कम से कम 150 वर्ग मीटर और सामुदायिक शौचालय के लिए 70 वर्ग मीटर की जमीन की जरूरत पड़ती है और इस जमीन को दान दे कर के इन लोगों ने अपना एक बहुत महत्वपूर्ण और महान कार्य किया है इन लोगों का जो हमारा पंचायती राज विभाग रामपुर का है वह कृतज्ञ है और जो पंचायत भवन बन रहा है वहां ग्राम संचालिए का संचालन होगा उनको वहां पर लोग हमेशा याद रखेंगे कि इन्होंने अपनी जमीन दान में दी और रजिस्ट्री का खर्चा भी स्वयं उठाया इन लोगों ने रजिस्ट्री का खर्च भी उठाया और ज़मीन दान में भी दी हमारे ग्राम प्रधानों ने स्वयं दान की और इन्होंने दान किया कुछ गांव वालों ने। तो इसमें हमारे जैसे बिलासपुर में चार जगहों पर हुआ कोटा अलीनगर, जिठनिया जहांगीर, पहाड़पुर, वरखेरा। इसी प्रकार शाहबाद में भी 4 ग्राम पंचायतों में दान की जमीन मिली जिसमें खाजीपुरा,मधुकर, ठिरिया सालेहपुर, घोसीपुरा यह ज़मीने दान में हुई और चमरव्वा में मंसूरपुर में जमीन दान में मिली, सेदनगर में इमरता, नवाबगंज, अहमदाबाद, सुरजसिंहपुर उर्फ नयागांव, नगला, पहाड़पुर, सूरजपुर। अभी सेदनगर में चार-पांच जमीन दान में होनी हैं इसके अलावा स्वार में नवीगंज पिपली, हजूरपुर इस तरह से हमारे यहां दान में जमीने प्राप्त हुई है यह दानदाता जो जमीन के हैं वास्तव में इनका हृदय महान है और इन लोगों ने जमीन दान करके एक पूर्ण कार्य किया हैं।

 

cradmin
Author: cradmin

Leave a Comment

सबसे ज्यादा पड़ी गई न्यूज