
बरेली | उन्नाव के बाद बरेली के रामगंगा नदी में शव उतरा रहे है | ग्रामीणों में शव उतराने की जानकरी से दहशत है | ग्रामीणों ने दहशत से रामगंगा की तरफ जाना छोड़ दिया है | कुछ दिन पहले ग्रामीण रामगंगा में खुद के नहाने से लेकर जानवरों को नहाने का ले जाते थे। ग्रामीणों ने बताया कि बीते दिन दो शवों को रामगंगा में बहता हुआ देखा था | इसके बाद मामले की जानकारी कादरगंज प्रधान राकेश कश्यप द्वारा फतेहगंज पूर्वी पुलिस को दी गई | पुलिस द्वारा ग्राम प्रधान को आश्वासन दिया गया। गांव के चौकीदार की मदद से पानी में पड़े शवों का अंतिम संस्कार कराया जाएगा |

ग्रामीणों ने यह भी बताया कि फतेहगंज पूर्वी के गांव पढेरा , कादरगंज , खानी नवादा , नगरिया कला , कादरगंज सहित कई गांव रामगंगा से सटे होने के साथ बदायूं जिले की सीमा से लगे हुए है | ग्रामीणों ने यह भी बताया कि कुछ लोग इस क्षेत्र में आकर शव गंगा में डाल जाते है। कभी कभी यह भी स्थिति यह होती है जल्दबाजी में शव गंगा किनारे छोड़कर फरार हो जाते है | कादरगंज के पूर्व प्रधान कुंवरपाल बताते है कि रामगंगा में कुछ दिनों में चार शव देखे गए है| यह शव संभवता बहकर आये है यहां फेंके गए है |तमाम ग्रामीण भी डर के मारे खेतों पर नहीं जा रहे हैं। इस बात को ग्रामीण दहशत में है | मौजूदा ग्राम प्रधान राकेश कश्यप ने बताया कि उन्हें मीडिया द्वारा जानकारी हुई कि उनके क्षेत्र में रामगंगा में शवों को देखा जा रहा है | फिलहाल दो शवों को देखा गया है | शव पॉलीथिन में पैक लगते है| बह रहे शव कोरोना संक्रमित के भी हो सकते है | ग्रामीण रामगंगा में अपने जानवरों को नहलाने के साथ नहाने भी जाते है ऐसे में ग्रामीणों में संक्रमण की आशंका बढ़ जाती है। ऐसे में लोग अपने पशुओं को भी नदी की ओर नहीं ले जा रहे हैं।




