शुक्र ग्रह मंगल की राशि मेष में कर रहे हैं प्रवेश,जानिए किस राशि के जातक रहेंगे फायदे में?

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शुक्र ग्रह मंगल की राशि मेष में कर रहे हैं प्रवेश

10 अप्रैल शनिवार की सुबह 6 बजकर 28 मिनट पर शुक्र मेष राशि में प्रवेश करेंगे और 4 मई की दोपहर 1 बजकर 26 मिनट तक मेष राशि में ही गोचर करते रहेंगे। उसके बाद वृष राशि में चले जायेंगे। शुक्र ग्रह, वृषभ और तुला राशि के स्वामी है। साथ ही मीन राशि में शुक्र उच्च का, जबकि कन्या राशि में यह नीच का होता है। विभिन्न राशियों में किसी भी ग्रह के गोचर का सभी राशियों पर प्रभाव पड़ता है।
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, शुक्र देव वृष और तुला राशि के स्वामी हैं। ये कन्या राशि में नीच और मीन राशि में उच्च भाव में होते हैं।
*ज्योतिष में शुक्र ग्रह का महत्व*

शुक्र जब किसी व्यक्ति की कुंडली में प्रबल होता है तो उसका जीवन बहुत ही सुख और शांति से बीतता है। व्यक्ति सभी तरह के भौतिक सुखों का आनंद लेता है।वहीं कुंडली में शुक्र के कमजोर होने व्यक्ति को आर्थिक परेशानियां और भौतिक चीजों की कमी सताने लगती है। जीवन में दरिद्रता का आगमन भी शुक्र ग्रह के पीड़ित होने के कारण आती है। ज्योतिष शास्त्र में शुक्र के कमजोर होने पर उसको मजबूत करने के लिए पूजा-पाठ, दान, व्रत और रत्न को धारण करके शुक्र को अपने अनुकूल किया जा सकता है।

*सभी 12 राशियों पर शुक्र का प्रभाव*-

शुक्र के प्रभाव से मेष, मिथुन, सिंह, धनु, मकर, कुंभ और मीन राशि वाले लोगों को फायदा होगा। नौकरी और बिजनेस में धन लाभ होने के योग बनेंगे। सुख बढ़ेगा और शौक पूरे होंगे। इनके अलावा वृष और कन्या राशि वाले लोगों के लिए मिला-जुला समय रहेगा। इन 2 राशि वाले लोगों को धन लाभ होगा तो खर्चा भी बना रहेगा। सुख मिलेगा लेकिन मेहनत ज्यादा करनी पड़ेगी। दौड़-भाग और यात्राओं के योग बनेंगे। वहीं, कर्क, तुला और वृश्चिक राशि वाले लोगों को संभलकर रहना होगा। इन 3 राशियों के लोगों का खर्चा बढ़ सकता है। लेन-देन और निवेश में सावधानी रखनी होगी। धन हानि के योग बन रहे हैं।

*शुक्र ग्रह को प्रसन्न करने का उपाय*

शुक्र ग्रह को शुभ बनाने के लिए शुक्रवार के दिन पूजा करनी चाहिए। महिलाओं का आदर सम्मान करने से शुक्र शुभ होता है। इसके साथ ही घर में स्वच्छता के नियमों का पालन करना चाहिए। गलत आदतों से दूर रहना चाहिए। शुक्रवार के दिन लक्ष्मी जी की पूजा करनी चाहिए। सफेद वस्त्रों का दान करने से भी शुक्र की अशुभता दूर होती है।
शुक्र का मंत्र: ओम द्रां द्रीं द्रौं स: शुक्राय नम:

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Author: cradmin

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